स्कूल शिक्षा विभाग ने विकसित किया मोबाइल गवर्नेंस प्लेटफार्म एम-शिक्षामित्र
राज्य में इंटरनेट-युक्त स्मार्टफोन की सहज उपलब्धता को देखते हुए स्कूल शिक्षा विभाग ने एजुकेशन पोर्टल पर उपलब्ध सभी सुविधाओं और सेवाओं को चरणबद्ध रूप से एप के माध्यम से उपलब्ध कराने के लिये एन.आई.सी. के सहयोग से एम-शिक्षामित्र एप को एम गवर्नेंस प्लेटफार्म के रूप में विकसित किया है। एप के माध्यम से सभी उपयोगकर्ताओं को स्टेक हॉल्डर्स, अधिकारी-कर्मचारी एवं शिक्षकों को विभाग से संबंधित सेवाएं और सुविधाएं एक ही प्लेटफार्म पर उपलब्ध करवायी गयी हैं।
इस प्लेटफार्म में सरकारी स्कूलों में उपलब्ध सुविधाएं, अधोसंरचना, नामांकन, उपलब्ध वित्तीय प्रावधान, स्थापना संबंधी जानकारी, विद्यार्थी कल्याण योजना से संबंधी जानकारी, विभाग द्वारा जारी किये गए प्रपत्र प्रमुख हैं। इसके साथ ही, एप के माध्यम से करीब 3 लाख 90 हजार कर्मचारियों एवं शिक्षकों की व्यक्तिगत प्रोफाईल एवं ई-सेवा पुस्तिकाओं का संधारण किया जा रहा है।
ई-गवर्नेंस के माध्यम से करीब एक लाख 21 हजार स्कूलों की प्रोफाइल, ऑनलाईन शिकायत प्रणाली और बाल शिक्षा अधिकार अधिनियम का क्रियान्वयन, प्रतिभा पर्व और ई-पाठशाला का संचालन प्रमुख रूप से किया जा रहा है।
अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर शपथ
प्रदेश में एक अक्टूबर को अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस मनाया जाएगा। इस दिन सभी शासकीय और अशासकीय स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को असेम्बली में समाज और उनके परिवार में साथ रहने वाले माता-पिता तथा वरिष्ठ वृद्धजनों के सम्मान एवं उनके गरिमामयी जीवन के संबंध में शपथ दिलवायी जाएगी। इस संबंध में प्रदेश के सभी जिला शिक्षा अधिकारियों को निर्देश जारी किये गये हैं।
School Education Department developed the Mobile Governance Platform M-ShikshaMitra