Top Story

कोरोना काल का जिक्र कर एम्स डायरेक्टर बोले, हर जीवन कीमती है...गैरबराबरी दूर करने की जरूरत


नई दिल्ली
ऑल इंडिया इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (एम्स) प्रमुख रणदीप गुलेरिया ने कहा कि कोविड-19 महामारी ने स्वास्थ्य क्षेत्र समेत जिन सामाजिक असमानताओं को उजागर किया है, उसे दूर करने की जरूरत है। बुधवार को भारत सोका गकाई (बीएसजी) की ओर से आयोजित एक ऑनलाइन सेमिनार के दौरान एम्स प्रमुख ने यह टिप्पणी की। गुलेरिया को एक बयान में यह कहते हुए उद्धृत किया गया कि ‘किसी को पीछे न छोड़ो’ की अवधारणा इस महामारी काल में सबसे ज्यादा प्रासंगिक है और महामारी ने प्रवासी श्रमिकों के मुद्दे और स्वास्थ्य क्षेत्र तथा शिक्षा क्षेत्र में जिस तरह की सामाजिक विषमता को उजागर किया है, उन्हें दूर करने की जरूरत है। सबसे महत्वपूर्ण संदेश यही है कि हर जीवन कीमती है। इस सेमिनार के पैनल सदस्यों ने इस बात पर सहमति जताई कि दुनिया को बेहद प्रभावित करने वाली कोविड-19 महामारी ने यह दिखाया है कि वैश्विक सहयोग और एकजुटता सिर्फ पसंद की नहीं बल्कि अस्तित्व की बात हो गई है। बीएसजी ने गुरुवार को एक बयान में कहा कि इस वेबिनार में ‘डायलॉग इन एक्शन: एम्पॉवरिंग ह्यूमेनिटी’ विषय पर संगोष्ठी की नई श्रृंखला की शुरुआत हुई।


from https://ift.tt/2Vxg2s6 https://ift.tt/2EvLuLS